अगर आप खुश नहीं हैं तो..संपत्ति, उपलब्धि, पैसा, प्रतिष्ठा, सम्मान, यह कुछ भी मायने नहीं रखता

. आज का मीठा मोती जीवन एक खुशी की दुकान है, जिसमें खुशी देनेवाले अनेक समान है पर बुद्धिमान वह…

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ईश्वर इंसान के तन (शरीर की अवस्था), मन (विचार, भावनाएं) और धन (कर्मों का फल और सांसारिक स्थिति)—इन तीनों के…

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पूरे विश्व में उथल-पुथल हो जाये, या सारा ब्रह्मांड टूट कर बिखर जाये, हमारे ह्रदय में शान्ति बनी रहनी चाहिये_कृपा शंकर

वह परिवर्तन हम स्वयं हैं जो विश्व में होते हुए देखना चाहते हैं। अन्धकार का सकारात्मक प्रतिकार निरंतर होते रहना…

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जल के बिना न तो प्रकृति का संतुलन बना रह सकता है और न ही प्राणियों का अस्तित्व संभव है_श्री विजय शुक्ला उत्तरप्रदेश

जलं धारयति पृथिवीं, जलं पुष्णाति जीवनम्।जल संरक्षणं कुर्यात्, जलं रक्षतु सर्वदा॥ भावार्थ:यह श्लोक ‘जल’ के महत्व और उसके संरक्षण की…

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सीखने की कोई उम्र नहीं होती _आचार्य सत्यनारायण पाटोदिया

सादर आमंत्रण सीखने की कोई उम्र नहीं होतीइस प्रेरक विचार को चरितार्थ करने तथा वरिष्ठ नागरिकों में संगीत एवं नृत्य…

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बारम्बार नासिका मार्ग से वायु को बाहर निकालने तथा यथाशक्ति बाहर रोके रखने के अभ्यास से भी चित्त शान्त और निर्मल होता है

योगदिवस विशेष *योगमार्ग के विघ्न * व्याधिस्त्यानसंशयप्रमादाऽऽलस्याऽविरतिभ्रान्तिदर्शनाऽलब्धभूमिकत्वाऽनवस्थितत्वानि चित्तविक्षेपास्तेऽन्तराया:।। 30।। चल चित्तवृत्तियों के सहवासी विघ्न नौ हैंशत्रु योगमार्ग के विक्षेप बतलाते…

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बद्रीनाथ धाम की कथा ॐत्र्यंबकम यजामहे सुगंधि पुष्टि वर्धनम् उर्वारुकमिव बंधनान मृत्युर्य मुक्षिय मामृतात

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ईश्वर के नाम-जप और स्वरूप का चिन्तन करने से साधक के साधना-पथ के विघ्न दूर होते हैं और आत्मज्ञान का आगमन होता है_डा देवीसहाय पाण्डे अयोध्या

योगदिवस विशेष *साधना में ईश्वर तत्व का महत्व * ईश्वरप्रणिधानाद्वा।। 23।। ईश्वर भी योग के प्रयोग में सहायक हैसाधना में…

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