🌷आज का प्रभात चिंतन 🌷
जीवन में इस बात के लिए सदैव प्रयत्नशील रहो कि हमारा प्रत्येक कर्म दूसरों को प्रसन्नता प्रदान करने वाला हो.!
जो लोग दूसरों की प्रसन्नता का ध्यान रखते हैं, उनकी प्रसन्नता का ध्यान स्वयं प्रकृति रखा करती है, ये बात याद रखी जानी चाहिए कि बाँटी हुई वस्तु ही लौटकर हमारे पास आती है।
प्रसन्नता बाँटने वाले को प्रसन्नता और कष्ट बाँटने वाले को कष्ट, प्रकृति स्वतः प्रदान कर देती है.,
शब्दों के प्रयोग में हमेशा सचेत रहें, शब्द बोधक भी हैं और बाधक भी हैं.!
किसी से अपने जैसा होने की आशा मत रखिये, क्योंकि आप अपने सीधे हाथ में किसी का सीधा हाथ पकड़ कर कभी नहीं चल सकते!!
॥ जय श्री राधे कृष्ण ॥
🌺🌷सुप्रभात🌷🌺















