बिहार में हाल ही में सितंबर 2026 के आखिरी हफ्ते में एक ब्यूरोक्रेट (अफसर) दंपति के ठिकानों पर निगरानी विभाग (Vigilance Bureau) की बड़ी छापेमारी हुई है भारी मात्रा में क्यास बरामत
यह कार्रवाई पटना के एडीएम (आपूर्ति) रवींद्र कुमार दिवाकर और उनकी पत्नी कुमारी स्वीटी (दानापुर की सब-रजिस्ट्रार) के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में की गई है। [1, 2]
रेड में हुई मुख्य बरामदगी:
नकद (Cash): जांच टीम को इनके ठिकानों से करीब ₹80 लाख रुपये नकद (पटना आवास से ₹70.53 लाख और बेगूसराय से ₹9.44 लाख) बरामद हुए हैं। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में कुल नकदी ₹1 करोड़ के आसपास भी बताई गई है।
लग्जरी घड़ियाँ: घर से 48 महंगी और विदेशी ब्रांडेड घड़ियाँ बरामद हुई हैं, जिनकी कीमत ₹6 लाख से अधिक आंकी गई है।
गहने (Jewellery): लगभग ₹52.60 लाख रुपये से अधिक मूल्य के सोने, चांदी और हीरे के आभूषण जब्त किए गए हैं।
प्रॉपर्टी: पिछले 9 वर्षों में अर्जित की गई लगभग ₹3 करोड़ रुपये की संपत्ति के दस्तावेज मिले हैं, जिनमें पटना में फ्लैट्स, प्लॉट और पैतृक जिला बेगूसराय में जमीनें शामिल हैं।
इसके अतिरिक्त, बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहे इस अभियान (Anti-Corruption Drive) में आर्थिक अपराध इकाई (EOU) और विजिलेंस ने सितंबर के महीने में कुल 6 भ्रष्ट अधिकारियों पर शिकंजा कसा है











