फिल्म शोले//शोले फिल्म की शूटिंग लंबी चलती थी और बीच-बीच में जो खाली समय मिलता था, उसमें सारे सितारे अक्सर ताश खेलते थे.शूटिंग अक्टूबर 1973 से शुरू होकर, ढाई साल की अवधि में खत्म हुईथी

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फिल्म शोले

फिल्म की शूटिंग लंबी चलती थी और बीच-बीच में जो खाली समय मिलता था, उसमें सारे सितारे अक्सर ताश खेलते थे.
नैचुरल बॉन्डिंग: यह उनके बीच की दोस्ती को और मजबूत करता था, और यही वजह है कि उनकी ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री इतनी शानदार लगती थी.
शूटिंग के किस्से: ‘शोले’ से जुड़े कई किस्सों में यह बात भी शामिल है कि कैसे धर्मेंद्र ने एक बार अमिताभ बच्चन के साथ असली गोली चलाते हुए शूटिंग की थी, और ऐसे ही कई मजेदार किस्से सेट पर बनते थे.
शोले की शूटिंग के दौरान एक्टर्स और पूरी टीम में काफी मस्ती और मज़ा होता था, लेकिन साथ ही कुछ यादगार और खतरनाक पल भी थे, जैसे धर्मेंद्र का अमिताभ बच्चन पर गलती से असली गोली चला देना, और ‘ये दोस्ती’ जैसे गाने की शूटिंग में 21 दिन लगना, जो एक लंबा और मजेदार अनुभव था, लेकिन इस दौरान टीम के बीच अच्छी बॉन्डिंग भी बनी थी, जिसमें हंसी-मज़ाक और मस्ती शामिल थी, भले ही काम काफी मेहनत भरा हो।
मज़े और मस्ती के पल:
दोस्ती और मज़ाक: शूटिंग के लंबे समय के दौरान एक्टर्स के बीच अच्छी दोस्ती हो गई थी, और ब्रेक के समय वे खूब मस्ती और हंसी-मज़ाक करते थे।
धर्मेंद्र और अमिताभ का रिश्ता: धर्मेंद्र और अमिताभ बच्चन के बीच गहरी दोस्ती थी, अक्सर वे ड्रिंक्स के लिए सेट से बाहर निकल जाते थे, जिससे डायरेक्टर को चिंता होती थी कि कहीं वे जंगल में खो न जाएं।
मज़ेदार गाने की शूटिंग: ‘ये दोस्ती हम नहीं तोड़ेंगे’ गाने को शूट करने में 21 दिन लगे थे, जो एक लंबा लेकिन यादगार समय था और इस दौरान सभी ने खूब एंजॉय किया।
खतरनाक और यादगार किस्से
धर्मेंद्र की गोली: क्लाइमेक्स सीन की शूटिंग के दौरान, धर्मेंद्र ने गलती से एक असली गोली चला दी थी, जो अमिताभ बच्चन के कान के पास से गुज़री थी, यह एक बड़ा हादसा टल गया था।
मेहनत और लगन: ‘ये दोस्ती’ गाने के एक सीन को शूट करने में 21 दिन लगे थे, और पूरे शेड्यूल के दौरान टीम की मेहनत और लगन देखने लायक थी।
लंबा शेड्यूल: फिल्म की शूटिंग 6 महीने के बजाय एक साल तक चली थी, जिसमें कई बार ब्रेक भी आए, जैसे जया और अमिताभ के बच्चे के जन्म के बाद। 
कुल मिलाकर, ‘शोले’ की शूटिंग सिर्फ काम नहीं, बल्कि एक यादगार सफर था जिसमें चुनौतियां, मस्ती और गहरी दोस्ती सब कुछ शामिल था।
फिल्म की शूटिंग अक्टूबर 1973 से शुरू होकर, ढाई साल की अवधि में, दक्षिणी राज्य कर्नाटक के रामनगर के चट्टानी इलाके में की गई थी। केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड द्वारा कई हिंसक दृश्यों को हटाने के आदेश के बाद, शोले को 198 मिनट की फिल्म के रूप में रिलीज़ किया गया था

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